भारत और अमेरिका के बीच हुई नई ट्रेड डील को लेकर सियासत तेज हो गई है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सोमवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से फोन पर बातचीत के बाद इस डील का ऐलान किया। इस समझौते के तहत अमेरिका ने भारत पर लगाए गए 50 फीसदी टैरिफ को घटाकर 18 फीसदी कर दिया है। सरकार इसे बड़ी कूटनीतिक और आर्थिक सफलता बता रही है।
हालांकि, विपक्ष खासकर कांग्रेस पार्टी ने इस ट्रेड डील पर सवाल खड़े किए हैं। कांग्रेस नेताओं का कहना है कि सरकार इसे जितनी बड़ी उपलब्धि बता रही है, यह उतनी प्रभावशाली नहीं है। कांग्रेस ने तंज कसते हुए कहा कि यह डील “फादर ऑफ ऑल डील्स” नहीं है, जैसा कि प्रचार किया जा रहा है।
विपक्ष का आरोप है कि सरकार ने यह स्पष्ट नहीं किया कि इस समझौते से भारत के किसानों, छोटे उद्योगों और घरेलू बाजार को क्या वास्तविक लाभ मिलेगा। वहीं, सरकार की ओर से कहा गया है कि टैरिफ में कटौती से भारतीय निर्यात को बढ़ावा मिलेगा और दोनों देशों के व्यापारिक संबंध मजबूत होंगे।
इस ट्रेड डील को लेकर आने वाले दिनों में संसद और राजनीतिक गलियारों में बहस और तेज होने की संभावना है।





