भारत के रेल इतिहास में एक नया अध्याय जुड़ने जा रहा है। रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने घोषणा की है कि देश की पहली बुलेट ट्रेन 15 अगस्त 2027 से दौड़ना शुरू करेगी। यह परियोजना भारत की आधुनिक परिवहन व्यवस्था की दिशा में एक बड़ी छलांग मानी जा रही है। पहले चरण में बुलेट ट्रेन सूरत से वापी के बीच लगभग 100 किलोमीटर की दूरी तय करेगी।
मुंबई-अहमदाबाद हाई-स्पीड रेल कॉरिडोर पर तेजी से काम चल रहा है। अधिकारियों के अनुसार इस मार्ग का करीब 55 प्रतिशत निर्माण कार्य पूरा हो चुका है। पूरा प्रोजेक्ट पूरा होने के बाद यह बुलेट ट्रेन 508 किलोमीटर की दूरी महज 2 घंटे 17 मिनट में तय करेगी, जो मौजूदा ट्रेनों की तुलना में बेहद कम समय है।
यह हाई-स्पीड ट्रेन 320 किलोमीटर प्रति घंटे की अधिकतम रफ्तार से चलेगी। इससे न सिर्फ यात्रियों का समय बचेगा, बल्कि व्यापार, पर्यटन और आर्थिक गतिविधियों को भी नई गति मिलेगी। रेल मंत्रालय का मानना है कि बुलेट ट्रेन परियोजना से रोजगार के नए अवसर भी पैदा होंगे।
बुलेट ट्रेन प्रोजेक्ट को भारत-जापान सहयोग का एक बड़ा उदाहरण माना जा रहा है। आधुनिक तकनीक, उच्च सुरक्षा मानकों और तेज रफ्तार के साथ यह ट्रेन भारत के रेल नेटवर्क को नई पहचान देगी। आने वाले वर्षों में अन्य शहरों को भी इस हाई-स्पीड नेटवर्क से जोड़ने की योजना पर काम किया जा रहा है।





